उत्तराखंड

Dhami Cabinet Decisions 2026: धामी कैबिनेट के 26 बड़े फैसले, ₹7,412 करोड़ के अनुपूरक बजट को मंजूरी

26 Major Decisions by the Dhami Cabinet, Supplementary Budget of ₹7,412 Crore Approved

देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में 22 अक्टूबर 2026 को सचिवालय में हुई कैबिनेट बैठक में राज्यहित से जुड़े करीब 26 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक का सबसे अहम फैसला आगामी विधानसभा सत्र में पेश किए जाने वाले 7,412 करोड़ रुपये के अनुपूरक बजट को मंजूरी देना रहा। इसके साथ ही महिलाओं के कल्याण, विद्यार्थियों को राहत, खिलाड़ियों को प्रोत्साहन, उच्च शिक्षा और प्रशासनिक सुधार से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

सरकार के इन फैसलों का उद्देश्य विभिन्न विभागों की अतिरिक्त वित्तीय जरूरतों को पूरा करने के साथ-साथ जनकल्याणकारी योजनाओं को आगे बढ़ाना है। बैठक में कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य और राम सिंह कैड़ा शामिल नहीं हुए।

₹7,412 करोड़ का अनुपूरक बजट मंजूर

धामी कैबिनेट ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 7,412 करोड़ रुपये के अनुपूरक बजट को विधानसभा में प्रस्तुत करने की मंजूरी दी है। अनुपूरक बजट के जरिए उन योजनाओं और विभागों की अतिरिक्त वित्तीय जरूरतों के लिए प्रावधान किया जाता है, जिनके लिए मूल बजट में स्वीकृत राशि पर्याप्त नहीं होती।

यह बजट आगामी विधानसभा सत्र में पेश किया जाएगा। इसके बाद सदन की निर्धारित प्रक्रिया के तहत इस पर चर्चा और मंजूरी की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। बजट से जुड़ी विभागवार राशि और खर्च का विस्तृत ब्योरा आधिकारिक दस्तावेज सामने आने के बाद स्पष्ट होगा।

मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान योजना को मंजूरी

बैठक में निराश्रित और एकल महिलाओं को आर्थिक सहयोग देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान योजना को मंजूरी दी गई। इस योजना के जरिए जरूरतमंद महिलाओं को सहायता उपलब्ध कराने और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने पर जोर दिया गया है।

योजना की पात्रता, सहायता राशि और आवेदन प्रक्रिया के संबंध में विस्तृत जानकारी संबंधित विभाग की ओर से जारी दिशा-निर्देशों के बाद स्पष्ट होगी। इस फैसले को राज्य में महिला कल्याण से जुड़ी योजनाओं की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

दिव्यांग विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा में 5 अंकों की छूट

कैबिनेट ने दिव्यांग छात्र-छात्राओं को उत्तराखंड बोर्ड की परीक्षाओं में पांच अंकों की विशेष छूट यानी ग्रेस मार्क्स देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी। इस फैसले का उद्देश्य दिव्यांग विद्यार्थियों को परीक्षा प्रक्रिया में अतिरिक्त सहूलियत देना है।

इसके अलावा अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के मेधावी विद्यार्थियों को मुफ्त कोचिंग उपलब्ध कराने की योजना में परिवार की वार्षिक आय सीमा बढ़ाने का निर्णय लिया गया। पहले यह सीमा दो लाख रुपये थी, जिसे बढ़ाकर आठ लाख रुपये सालाना कर दिया गया है। इससे अधिक पात्र विद्यार्थियों के लिए योजना का लाभ लेने का रास्ता खुल सकता है।

खिलाड़ियों को रोडवेज बसों में मुफ्त यात्रा

उत्तराखंड के ऐसे खिलाड़ियों को भी राहत देने का निर्णय लिया गया है, जिन्होंने राष्ट्रीय या राज्य स्तर पर पदक अथवा पुरस्कार हासिल किए हैं। कैबिनेट के फैसले के अनुसार, पात्र खिलाड़ियों को उत्तराखंड रोडवेज की बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा दी जाएगी।

इसके साथ ही प्रदेश के प्रत्येक जिले में मुख्य खेल प्रशिक्षकों की नियुक्ति करने का प्रस्ताव भी मंजूर किया गया। इसका उद्देश्य स्थानीय स्तर पर खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण उपलब्ध कराना और उनकी प्रतिभा को निखारना है।

हरिद्वार में खुलेंगे दो नए निजी विश्वविद्यालय

उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नए अवसर उपलब्ध कराने के लिए हरिद्वार में आरोग्यम विश्वविद्यालय और बीएमएस विश्वविद्यालय की स्थापना से जुड़े प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इन संस्थानों की स्थापना निर्धारित नियमों और आवश्यक प्रक्रियाओं के अनुसार आगे बढ़ेगी।

कैबिनेट ने इसके अलावा उत्तराखंड अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण (उरेडा) के संगठनात्मक ढांचे के पुनर्गठन, ऊधम सिंह नगर के राजकीय आश्रम पद्धति बालिका आवासीय विद्यालय को हाईस्कूल स्तर तक अपग्रेड करने और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के समूह-ग तथा समूह-घ कर्मचारियों की सेवा नियमावली से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी दी।

सड़क-पुल निर्माण और स्टांप मामलों में बदलाव

बैठक में सड़क और पुल निर्माण से जुड़ी स्वीकृति प्रक्रिया को सरल बनाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली। नई व्यवस्था के तहत दोनों के लिए अलग-अलग मंजूरी की जगह एक ही स्वीकृति से काम कराने की दिशा में कदम उठाया जाएगा। इससे संबंधित परियोजनाओं की प्रशासनिक प्रक्रिया आसान होने की उम्मीद है।

इसके अलावा स्टांप से जुड़े विवादों के निपटारे के लिए वन टाइम सेटलमेंट योजना को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने समान नागरिक संहिता (UCC) के कुछ प्रावधानों में लिपिकीय त्रुटियों को दूर करने के लिए संशोधन को भी हरी झंडी दी। उत्तर प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम, 2000 में जनजातीय सूची में दर्ज ‘जन्नासारी’ शब्द को ‘जौनसारी’ करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली।

विधानसभा सत्र में सामने आएगा आगे का विवरण

धामी कैबिनेट की बैठक में बजट के साथ महिला कल्याण, शिक्षा, खेल, प्रशासन और कानूनी प्रक्रियाओं से संबंधित फैसले लिए गए। अब इन निर्णयों के क्रियान्वयन, पात्रता नियमों और संबंधित विभागों की आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।

अनुपूरक बजट का विधानसभा में प्रस्तुत होना और योजनाओं के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी होना इन फैसलों को जमीन पर उतारने की अगली महत्वपूर्ण प्रक्रियाएं होंगी।

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