विकासनगर: उत्तराखंड के चकराता स्थित मौठी गांव के खेडा मसौग में बीती रात एक दो मंजिला छानी (मवेशियों को रखने का स्थान) में अचानक भयानक आग लग गई। इस घटना में छानी पूरी तरह जलकर खाक हो गई, जबकि अंदर बंधे 6 मवेशी जिंदा जल गए। हादसे में छानी में रखा सारा सामान, खाद्यान्न, बर्तन, कपड़े और चारा भी जलकर राख हो गया।
सुबह देखा खौफनाक मंजर
छानी के मालिक मानू और पवन गुरुवार रात अपने मवेशियों को चारा-पत्ती देकर घर लौट गए थे। शुक्रवार सुबह जब वे अपनी छानी पहुंचे, तो जल चुकी छानी और मवेशियों के शव देखकर स्तब्ध रह गए। इसके बाद उन्होंने ग्रामीणों को सूचना दी, जिसके बाद मौके पर भारी भीड़ जुट गई।
राजस्व विभाग ने की क्षति का आकलन
घटना की जानकारी मिलते ही तहसील प्रशासन और राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची। राजस्व उपनिरीक्षक जयलाल शर्मा ने बताया कि आग लगने की वजह अभी स्पष्ट नहीं है। प्रारंभिक जांच में पता चला कि मानू के दो गाय और एक बैल, तथा पवन के एक गाय, एक बैल और एक बछड़ा आग की चपेट में आकर जल गए।
इसके अलावा, छानी में रखा खाद्यान्न, बर्तन और अन्य सामान भी पूरी तरह नष्ट हो गया है। आग से हुए नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर उच्चाधिकारियों को भेजी जा रही है।
ग्रामीणों में शोक और चिंता
इस घटना ने स्थानीय ग्रामीणों को गहरी चिंता में डाल दिया है। छानी जलने से मानू और पवन के मवेशियों और सामान का भारी नुकसान हुआ है, जिससे उनकी आजीविका प्रभावित हो सकती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवारों को जल्द से जल्द मुआवजा देने और घटना की विस्तृत जांच की मांग की है।
कारणों की जांच जारी
राजस्व विभाग के अनुसार, आग लगने के सटीक कारणों का पता लगाया जा रहा है। प्रारंभिक तौर पर संभावना है कि आग शॉर्ट सर्किट या असावधानीवश लगी हो सकती है। स्थानीय प्रशासन ने ऐसी घटनाओं से बचाव के लिए सुरक्षा उपायों को बढ़ाने का आश्वासन दिया है।


