Zomato की सत्ता में बदलाव: Deepinder Goyal का इस्तीफा, कंपनी की बागडोर अब नए हाथों में
Zomato's leadership change, Deepinder Goyal resigns, company leadership now in new hands.
नई दिल्ली: देश के स्टार्टअप और टेक इकोसिस्टम में एक अहम बदलाव सामने आया है। जोमैटो की पैरेंट कंपनी इटर्नल लिमिटेड में शीर्ष स्तर पर नेतृत्व परिवर्तन किया गया है। कंपनी के सह-संस्थापक दीपिंदर गोयल ने ग्रुप चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) के पद से हटने का फैसला किया है। यह बदलाव 1 फरवरी 2026 से लागू होगा। उनकी जगह क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म ब्लिंकिट के मौजूदा CEO अल्बिंदर ढींडसा को इटर्नल लिमिटेड का नया ग्रुप CEO नियुक्त किया गया है।
बोर्ड स्तर पर बनी रहेगी गोयल की भूमिका
हालांकि दीपिंदर गोयल कंपनी से पूरी तरह अलग नहीं हो रहे हैं। नई व्यवस्था के तहत वह इटर्नल लिमिटेड के बोर्ड में वाइस चेयरमैन और डायरेक्टर के रूप में बने रहेंगे। कंपनी की दीर्घकालिक रणनीति, विज़न और नीतिगत फैसलों में उनका योगदान जारी रहेगा, जबकि रोज़मर्रा के संचालन और व्यावसायिक निर्णयों की ज़िम्मेदारी अब अल्बिंदर ढींडसा संभालेंगे।
मजबूत तिमाही नतीजों के बीच फैसला
यह नेतृत्व परिवर्तन ऐसे समय पर किया गया है, जब कंपनी की वित्तीय स्थिति मजबूत बनी हुई है। वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में इटर्नल लिमिटेड के मुनाफे में साल-दर-साल आधार पर उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। फूड डिलीवरी के साथ-साथ क्विक कॉमर्स सेगमेंट ने कंपनी की कमाई को नई मजबूती दी है। खास तौर पर ब्लिंकिट की तेज़ ग्रोथ और बेहतर ऑपरेशनल परफॉर्मेंस ने नतीजों में अहम भूमिका निभाई है।
शेयरधारकों को गोयल का संदेश
दीपिंदर गोयल ने शेयरधारकों को संबोधित करते हुए कहा कि वह अब ऐसे प्रयोगों और विचारों पर काम करना चाहते हैं, जिनमें नवाचार और जोखिम की गुंजाइश अधिक हो। उनके अनुसार, पब्लिक कंपनी के दायरे से बाहर रहकर इस तरह के प्रयोगों को अधिक स्वतंत्रता के साथ अंजाम दिया जा सकता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनका यह कदम कंपनी के दीर्घकालिक हितों को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।
ढींडसा के नेतृत्व पर जताया भरोसा
गोयल ने अल्बिंदर ढींडसा की नेतृत्व क्षमता की सराहना करते हुए कहा कि ब्लिंकिट के अधिग्रहण के बाद उसे स्थिरता और ब्रेकईवन की दिशा में ले जाने में ढींडसा की भूमिका अहम रही है। क्विक कॉमर्स जैसे प्रतिस्पर्धी क्षेत्र में ब्लिंकिट की पकड़ और विस्तार, उनके रणनीतिक और प्रबंधन कौशल को दर्शाता है। ग्रुप CEO के रूप में उनसे सभी बिजनेस वर्टिकल्स को एक साझा दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ाने की उम्मीद है।
ESOP और कॉरपोरेट गवर्नेंस से जुड़ा कदम
कंपनी ने यह भी जानकारी दी है कि इस बदलाव के तहत दीपिंदर गोयल के सभी अनवेस्टेड स्टॉक ऑप्शंस को ESOP पूल में वापस किया जाएगा। इसे पारदर्शिता और बेहतर कॉरपोरेट गवर्नेंस की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
आगे की रणनीति
आने वाले समय में इटर्नल लिमिटेड का फोकस फूड डिलीवरी के साथ-साथ क्विक कॉमर्स और नई टेक्नोलॉजी आधारित सेवाओं को और मजबूत करने पर रहेगा। वहीं, दीपिंदर गोयल नए क्षेत्रों में अपने विचारों और प्रयोगों को आगे बढ़ाने की तैयारी में हैं। इस नेतृत्व परिवर्तन को कंपनी के अगले विकास चरण की शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है।


