देहरादून, 27 अक्टूबर 2024: देहरादून के रेंजर्स ग्राउंड में आयोजित दस दिवसीय सरस मेला 2024 का समापन रविवार को हुआ, जिसमें ग्राम्य विकास मंत्री गणेश जोशी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उन्होंने विभिन्न राज्यों से आए स्वयं सहायता समूहों के स्टालों का दौरा किया और उनके उत्पादों की सराहना की। ओडिशा राज्य द्वारा लगाए गए स्टॉल से उन्होंने पेंटिंग की खरीदारी भी की और ऑनलाइन माध्यम से भुगतान किया। इस दौरान उनकी पत्नी निर्मला जोशी भी उपस्थित रहीं।
मेले में 4.56 करोड़ की रिकॉर्डतोड़ बिक्री
ग्राम्य विकास मंत्री गणेश जोशी ने मेले की सफलता पर बधाई देते हुए कहा कि इस आयोजन ने प्रधानमंत्री के “लखपति दीदी” के सपने को साकार किया है। उन्होंने जानकारी दी कि मेले के दौरान कुल चार करोड़ छप्पन लाख अड़तालीस हजार छह सौ उनासी (4,56,48,679) रुपए की बिक्री हुई। इस अवसर पर उन्होंने ग्राम्य विकास विभाग और जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया और कहा कि राज्य में अब तक 1.35 लाख से अधिक महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं, और 2025 तक 1.50 लाख के लक्ष्य को पार करने का संकल्प दोहराया।
महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में ठोस कदम
गणेश जोशी ने बताया कि उत्तराखंड राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत 13 जनपदों के 95 विकास खंडों में महिलाओं की आजीविका संवर्धन के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि वर्तमान में 67,172 स्वयं सहायता समूहों में 5 लाख सदस्य जुड़ चुके हैं और 15,249 सदस्यों को सीआरपी के रूप में प्रशिक्षित किया गया है। उन्होंने बताया कि 53,790 समूहों को रिवॉल्विंग फंड के रूप में 25,000 रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई है।
सर्वांगीण विकास का प्रतीक बना सरस मेला
ग्राम्य विकास मंत्री ने कहा कि राज्य के चारधाम यात्रा मार्गों पर समूहों के उत्पादों के विपणन के लिए 110 अस्थायी आउटलेट स्थापित किए गए हैं। इस सरस मेले में 20 राज्यों के 250 से अधिक स्टालों ने भाग लिया, जिसमें छोटे विक्रेता, फूड कोर्ट और मनोरंजन से जुड़े व्यवसायी भी शामिल थे। मेले में आवास, परिवहन और रियायती दरों पर भोजन जैसी सभी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं। साथ ही, हर शाम स्थानीय लोक संस्कृति के रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिनमें बड़ी संख्या में लोगों की उपस्थिति दर्ज हुई।
समारोह में कई गणमान्य लोगों की उपस्थिति
इस समापन कार्यक्रम में सीडीओ अभिनव शाह, पूर्व ब्लॉक प्रमुख जोत सिंह बिष्ट, एसीईओ प्रदीप पांडे, और निदेशक ग्राम विकास अभिकरण विक्रम सिंह सहित कई महत्वपूर्ण हस्तियों ने हिस्सा लिया। सरस मेला 2024, महिलाओं के सशक्तिकरण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हुआ है।

