उत्तराखंड

देहरादून बार एसोसिएशन प्रतिनिधि मंडल ने रुड़की के विधायकों से मांगा समर्थन, अधिवक्ताओं के चेम्बर निर्माण का मुद्दा उठाने की अपील

Dehradun Bar Association delegation seeks support from Roorkee MLAs, urges them to raise the issue of building advocates' chambers

देहरादून: देहरादून बार एसोसिएशन का एक प्रतिनिधि मंडल सोमवार को रुड़की ग्रामीण क्षेत्र के विभिन्न सम्मानित विधायकों से मिला। प्रतिनिधि मंडल ने विधायकों से अपील की कि वे देहरादून में चल रही अधिवक्ताओं की हड़ताल और धरने को समर्थन दें तथा चेम्बर निर्माण सहित न्यायिक सुविधाओं के विस्तार की मांगों को सरकार तक मजबूती से पहुंचाएं।

चेम्बर निर्माण और स्थान आवंटन को लेकर उठाई मांग

प्रतिनिधि मंडल ने विधायकों के सामने मुख्य रूप से देहरादून सिविल कोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं के लिए चेम्बर निर्माण और उचित स्थान आवंटन की मांग रखी। उनका कहना था कि बढ़ते कामकाज और अधिवक्ताओं की संख्या को देखते हुए चेम्बर की कमी बड़ी समस्या बन चुकी है। अधिवक्ता चाहते हैं कि सरकार इस मुद्दे को प्राथमिकता के साथ देखते हुए शीघ्र समाधान निकाले।

विधायकों ने दिया पूरा सहयोग और समर्थन का भरोसा

भगवानपुर विधायक ममता राकेश, रूड़की विधायक फुरकान हेमंत, लक्सर से विधायक क्लियर, और मंगलौर विधायक काजी निजामुद्दीन से मुलाकात के दौरान प्रतिनिधि मंडल ने आंदोलन की स्थिति से अवगत कराया। इन सभी विधायकों ने अधिवक्ताओं को पूर्ण सहयोग देने का आश्वासन दिया। विधायकों ने कहा कि वे सरकार के समक्ष अधिवक्ताओं की मांगों को मजबूती से उठाएंगे और न्यायिक ढांचे में सुधार के लिए हर संभव प्रयास करेंगे।

हड़ताल और धरने के समर्थन की अपील

अधिवक्ताओं ने कहा कि न्यायिक व्यवस्था के सुचारू संचालन के लिए उचित सुविधाओं का होना जरूरी है, और चेम्बर निर्माण का मुद्दा लंबे समय से लंबित है। देहरादून बार एसोसिएशन के सदस्यों ने विधायकों से अनुरोध किया कि वे हड़ताल के दौरान अधिवक्ताओं की मांगों का साथ दें तथा सरकार से इस दिशा में ठोस कदम उठाने की मांग करें।

प्रतिनिधि मंडल में शामिल रहे कई अधिवक्ता

इस मुलाकात के दौरान देहरादून से आए अधिवक्ता एडवोकेट शाहिद अली, एडवोकेट गयूर अली, एडवोकेट हिजाब खान, एडवोकेट नेम सिद्दीकी, एडवोकेट रऊफ, एडवोकेट राजकुमार मौर्य, नेहा, एडवोकेट विनोद, एडवोकेट कासिम और सुमन वर्मा शामिल रहे। वहीं, रुड़की से एडवोकेट राव बिलावर और बिलाल भी प्रतिनिधि मंडल का हिस्सा बने।

प्रतिनिधि मंडल ने उम्मीद जताई कि विधायकों के समर्थन से उनकी मांगें सरकार तक प्रभावी ढंग से पहुंचेंगी और अधिवक्ताओं को चेम्बर निर्माण सहित आवश्यक सुविधाएं जल्द उपलब्ध होंगी। अधिवक्ताओं का कहना है कि यह लड़ाई केवल सुविधाओं की नहीं, बल्कि न्यायिक प्रणाली को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button