उत्तराखंड में महिलाओं के सशक्तिकरण की नई पहल, सीएम धामी ने किया सम्मान और योजनाओं का शुभारंभ
New initiative for women empowerment in Uttarakhand, CM Dhami honored and launched schemes
देहरादून: उत्तराखंड में महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून में आयोजित विशेष कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना के अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाले महिला स्वयं सहायता समूहों को सम्मानित किया। इस दौरान उन्होंने महिलाओं से संवाद कर उनकी सफलता की कहानियां सुनीं और कहा कि जब एक महिला आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर होती है, तो वह पूरे समाज को सशक्त बनाती है।
मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना की शुरुआत
कार्यक्रम में सीएम धामी ने मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना का शुभंकर और लोगो लॉन्च किया। साथ ही ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ के नए उत्पाद और वेबसाइट का भी लोकार्पण किया। उन्होंने बताया कि अगले तीन वर्षों में 15,000 से अधिक उद्यमियों, स्वयं सहायता समूहों और लखपति दीदियों को इन्क्यूबेशन सुविधा प्रदान की जाएगी, ताकि वे अपने व्यवसाय का विस्तार कर सकें।
प्रधानमंत्री की योजनाओं का उल्लेख
सीएम धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा मातृशक्ति के लिए चलाई जा रही योजनाओं—जैसे संसद और विधानसभाओं में 33% आरक्षण, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, उज्ज्वला योजना और लखपति दीदी पहल—का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड वोकल फॉर लोकल से लोकल टू ग्लोबल की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
ग्रामीण आजीविका मिशन से बदलाव
मुख्यमंत्री ने बताया कि ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत महिलाओं को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने के लिए प्रशिक्षण और नए अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। सशक्त बहना उत्सव योजना और महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण योजना के जरिए महिलाएं व्यवसायिक प्रतिस्पर्धा में आगे बढ़ रही हैं।
‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड की पहचान
सीएम ने ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ को एक अम्ब्रेला ब्रांड बताया, जिसके तहत फिलहाल 35 उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद बाजार में उपलब्ध हैं। जल्द ही इन्हें अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी पहुंचाने की योजना है, जिससे स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
महिला उद्यमिता में उत्तराखंड की प्रगति
वर्तमान में राज्य में 68,000 महिला स्वयं सहायता समूह सक्रिय हैं, जिनसे लगभग 5 लाख महिलाएं जुड़ी हैं। वर्ष 2023 में शुरू हुई सशक्त बहना उत्सव योजना के तहत महिलाओं ने 27,000 से अधिक स्टॉल लगाकर लगभग 7 करोड़ रुपये की बिक्री की। प्रदेश में अब तक 1,63,000 से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं।
मार्केटिंग और बिक्री के नए अवसर
राज्य में 49 ग्रोथ सेंटर, 33 नैनो पैकेजिंग यूनिट्स, 17 सरस सेंटर, 3 राज्य स्तरीय विपणन केंद्र और 8 बेकरी यूनिट्स संचालित हैं। इसके अलावा, केंद्र की वन स्टेशन, वन प्रोडक्ट योजना के तहत देहरादून और हरिद्वार रेलवे स्टेशनों पर महिला समूहों के उत्पादों के विशेष बिक्री केंद्र खोले गए हैं।
भविष्य की दिशा
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्यमिता और रोजगार के क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए लगातार कार्यरत है। उन्होंने आश्वासन दिया कि आने वाले समय में महिला उद्यमियों के लिए और भी योजनाएं लाई जाएंगी, ताकि उत्तराखंड की मातृशक्ति राज्य को आर्थिक आत्मनिर्भरता की ओर ले जा सके।



