उत्तराखंड

Chardham Liquor Ban 2026: देवभूमि की मर्यादा पर ‘महाराज’ की हुंकार, कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर ने की चारधाम को मदिरा मुक्त करने की अपील!

Chardham Liquor Ban 2026: 'Maharaj' roars on the dignity of Devbhoomi, storyteller Devkinandan Thakur appeals to make Chardham liquor free!

उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में इन दिनों भक्ति की बयार बह रही है। रेंजर्स ग्राउंड में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के दौरान विश्व प्रसिद्ध कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर ने देवभूमि की पवित्रता को लेकर एक बड़ा मुद्दा उठाया है। उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से सनातनी परंपराओं का हवाला देते हुए चारधाम क्षेत्र, विशेषकर गंगोत्री और यमुनोत्री धाम को पूर्णतः मदिरा मुक्त करने का निवेदन किया। Devkinandan Thakur CM Dhami Chardham Liquor Ban 2026 के इस प्रसंग ने न केवल श्रद्धालुओं का ध्यान खींचा है, बल्कि चारधाम यात्रा शुरू होने से पहले सरकार की नीति पर भी मुहर लगा दी है।

रेंजर्स ग्राउंड में सीएम धामी की उपस्थिति और संतों का सानिध्य

विश्व शांति सेवा चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा आयोजित इस सात दिवसीय कथा के समापन से ठीक एक दिन पहले, यानी 1 अप्रैल को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी महाराज का आशीर्वाद लेने पहुंचे। मुख्यमंत्री ने व्यास पीठ की आरती की और संतों के मार्गदर्शन को जीवन की प्रेरणा बताया। सीएम धामी ने कहा कि देवकीनंदन ठाकुर जी महाराज ने अल्पायु में ही समाज को आध्यात्मिक दिशा देने का जो संकल्प लिया है, वह अद्भुत है। सरकार प्रदेश में सांस्कृतिक गौरव और आध्यात्मिक चेतना को जगाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।

तीर्थत्व का आनंद मदिरा रहित होने में है

कथा के दौरान देवकीनंदन ठाकुर ने अपनी मुहिम का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री से सीधा संवाद किया। उन्होंने कहा, ‘गंगोत्री और यमुनोत्री जैसे पवित्र धामों में यदि मदिरा न मिले और आने वाले अतिथि को ‘मदिरा रहित तीर्थ’ का अनुभव हो, तो हमारे तीर्थत्व का आनंद दोगुना हो जाएगा। हर तीर्थ को मांस और मदिरा से मुक्त किया जाना चाहिए ताकि सनातनी भावनाओं का सम्मान बना रहे।’

उन्होंने अभिभावकों से यह भी आग्रह किया कि वे अपनी आने वाली पीढ़ियों को सनातन धर्म की कम से कम उतनी जानकारी जरूर दें, जितनी वे स्वयं जानते हैं।

मुख्यमंत्री का जवाब

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कथावाचक की अपील का सम्मान करते हुए स्पष्ट किया कि बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब जैसे पवित्र स्थानों पर पहले से ही ऐसी वर्जनाएं लागू हैं। Devkinandan Thakur CM Dhami Chardham Liquor Ban 2026 के संदर्भ में सीएम ने आश्वासन दिया, ‘महाराज जी, आपने जिन धामों का जिक्र किया है, वहां पहले से ही मदिरा निषेध है। लेकिन आपके सुझाव के बाद, हम प्रशासन को और अधिक सख्ती बरतने के निर्देश देंगे। भक्ति के मार्ग में कोई भी अवरोध या अभद्रता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।’

कैबिनेट मंत्री खजान दास का बयान

इस अवसर पर उपस्थित कैबिनेट मंत्री खजान दास ने भी सुर में सुर मिलाते हुए कहा कि यह देवभूमि और तीर्थों की नगरी है, जिसका सम्मान सर्वोपरि है। उन्होंने राम मंदिर के निर्माण का उदाहरण देते हुए कहा कि लोगों की आस्था अब चरम पर है। उन्हें पूर्ण विश्वास है कि आने वाले समय में कृष्ण मंदिर का निर्माण भी भव्य रूप से होगा। उन्होंने सनातनियों को नास्तिक होने के बजाय आस्थावान बनने की सलाह दी।

चारधाम यात्रा 2026 की तैयारियों के बीच बड़ा संदेश

उत्तराखंड में 19 अप्रैल से चारधाम यात्रा का आगाज होने जा रहा है। ऐसे में Devkinandan Thakur CM Dhami Chardham Liquor Ban 2026 की यह चर्चा एक बड़ा संदेश देती है। सरकार और संतों के बीच का यह संवाद यह सुनिश्चित करता है कि यात्रा के दौरान न केवल सुविधाओं का ध्यान रखा जाएगा, बल्कि आध्यात्मिक मर्यादाओं का भी कड़ाई से पालन होगा। प्रशासन अब उन रास्तों और पड़ावों पर विशेष नजर रखेगा जहाँ तीर्थयात्रियों के भटकाव की संभावना रहती है।

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