business

दिवाली 2025: छोटे शहरों ने मेट्रो को पीछे छोड़ दिया, ई-कॉमर्स में किया रिकॉर्ड ऑर्डर

Diwali 2025: Smaller cities outpace metros, place record e-commerce orders

नई दिल्ली: इस साल दिवाली के दौरान भारत के ऑनलाइन शॉपिंग परिदृश्य में बड़ा बदलाव देखा गया। छोटे और गैर-मेट्रो शहरों ने मेट्रो शहरों को पीछे छोड़ते हुए कुल ऑर्डर का लगभग 74.7 प्रतिशत हिस्सा अपने नाम किया। यह खुलासा लॉजिस्टिक्स इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म क्लिकपोस्ट की रिपोर्ट में हुआ, जिसमें 4.25 करोड़ से अधिक शिपमेंट डेटा का विश्लेषण किया गया।


छोटे शहरों का बढ़ता दबदबा

रिपोर्ट के अनुसार, केवल टियर-3 शहरों से ही 50.7% ऑर्डर दर्ज किए गए, जबकि टियर-2 शहरों से 24.8% ऑर्डर आए। इससे साफ है कि अब भारत का ई-कॉमर्स बाजार छोटे शहरों और कस्बों में तेजी से फैल रहा है।


उपभोक्ताओं की बदलती प्राथमिकताएं

रिपोर्ट में यह भी पता चला कि दुर्गा पूजा के दौरान फैशन उत्पादों की मांग 14.3% बढ़ी, जबकि करवा चौथ पर कॉस्मेटिक उत्पादों की मांग फैशन से भी दोगुनी रही। यह छोटे शहरों में उपभोक्ताओं की बदलती पसंद और ऑनलाइन खरीदारी की प्रवृत्ति को दर्शाता है।


तेज़ और सुविधाजनक डिलीवरी

ऑर्डर की बड़ी संख्या के बावजूद, भारत का लॉजिस्टिक्स नेटवर्क औसतन 2.83 दिन में डिलीवरी करने में सक्षम रहा। ‘सेंम-डे डिलीवरी’ की हिस्सेदारी भी 4.2% से बढ़कर 8.7% हो गई, जो सेवाओं में तेजी का संकेत है।


भुगतान और औसत ऑर्डर मूल्य

महंगे उत्पादों की खरीद में डिजिटल पेमेंट का इस्तेमाल बढ़ा है, लेकिन टियर-3 शहरों में ‘कैश ऑन डिलीवरी’ अब भी सबसे पसंदीदा विकल्प बना हुआ है। इन क्षेत्रों में 52% ऑर्डर नकद भुगतान के जरिए किए गए।
साथ ही, ऑर्डर का औसत मूल्य भी बढ़ा है—2024 में ₹3,281 की तुलना में 2025 में यह ₹4,346 हो गया, यानी 32.5% की सालाना वृद्धि।


छोटे शहरों से ई-कॉमर्स क्रांति

क्लिकपोस्ट के सह-संस्थापक और CEO नमन विजय ने कहा, “हम भारत के रिटेल मार्केट के नए युग में प्रवेश कर चुके हैं, जहां टियर-3 शहर अब मेट्रो से अधिक ऑर्डर कर रहे हैं। स्मार्ट कंपनियां अगली दिवाली के लिए तेज़ डिलीवरी, हाइपरलोकल स्टॉक और क्षेत्रीय जरूरतों के हिसाब से प्रोडक्ट लाइन की तैयारी कर रही हैं।”

यह रुझान न केवल भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था की गहराई को दर्शाता है, बल्कि यह भी साबित करता है कि अगली ई-कॉमर्स क्रांति महानगरों में नहीं, छोटे शहरों से शुरू होगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button