गैरसैंण में 19 से 22 अगस्त तक होगा विधानसभा का मानसून सत्र, तैयारियां जोरों पर
Monsoon session of the Vidhan Sabha will be held from 19 to 22 August in Gairsain, preparations are in full swing
देहरादून/गैरसैंण: उत्तराखंड विधानसभा का आगामी मानसून सत्र 19 अगस्त से 22 अगस्त 2025 तक गैरसैंण स्थित भराड़ीसैंण विधानसभा भवन में आयोजित किया जाएगा। विधायी एवं संसदीय कार्य विभाग ने इसकी अधिसूचना जारी कर दी है। चार दिवसीय इस सत्र के लिए शासन और प्रशासन दोनों स्तरों पर तैयारियां तेज़ कर दी गई हैं। सुरक्षा, आवास, यातायात और संचार जैसी व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए जा चुके हैं।
देहरादून में हुआ था पिछला बजट सत्र
इससे पहले फरवरी 2025 में देहरादून स्थित विधानसभा भवन में बजट सत्र आयोजित हुआ था। उस दौरान तत्कालीन संसदीय कार्य मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल द्वारा दिया गया “पहाड़ बनाम मैदान” वाला बयान खासा विवादित रहा था। उनके इस बयान ने क्षेत्रीय असंतुलन की बहस को जन्म दिया और सड़कों पर विरोध-प्रदर्शन हुए। सामाजिक संगठनों और विपक्ष की कड़ी प्रतिक्रिया के बाद यह मामला राजनीतिक संकट में बदल गया।
विवाद ने बदली राजनीतिक दिशा
प्रेमचंद अग्रवाल के विवादास्पद बयान से उपजा दबाव इतना बढ़ा कि अंततः मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को हस्तक्षेप करना पड़ा। बढ़ते विरोध के चलते प्रेमचंद अग्रवाल को मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा। इस्तीफे के दौरान उन्होंने सार्वजनिक रूप से माफी भी मांगी, लेकिन तब तक राज्य सरकार की छवि को नुकसान पहुंच चुका था।
संसदीय कार्य मंत्री की नियुक्ति बनी चुनौती
अब जब मानसून सत्र की तारीख तय हो चुकी है, राज्य सरकार के सामने संसदीय कार्य मंत्री की नियुक्ति एक नई चुनौती बनकर खड़ी है। इस पद के रिक्त होने के चलते सत्र के संचालन की जिम्मेदारी किसी योग्य मंत्री को सौंपी जानी आवश्यक है। सरकार या तो मौजूदा मंत्री को अतिरिक्त जिम्मेदारी सौंप सकती है या फिर मंत्रिमंडल विस्तार के माध्यम से नया चेहरा सामने ला सकती है।
गैरसैंण को स्थायित्व की ओर ले जाता कदम
मानसून सत्र का गैरसैंण में आयोजन सरकार की इस मंशा की ओर इशारा करता है कि वह ग्रीष्मकालीन राजधानी को केवल प्रतीकात्मक दर्जा नहीं देना चाहती, बल्कि उसे स्थायी और कार्यशील केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है। इससे गैरसैंण के स्थायीत्व को लेकर सकारात्मक संकेत मिलते हैं।
विपक्ष करेगा सरकार को घेरने की कोशिश
इस सत्र में विपक्ष की भूमिका भी अहम रहेगी। कांग्रेस और अन्य दल बेरोजगारी, भर्ती घोटाले, स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरने की रणनीति बना चुके हैं। प्रेमचंद अग्रवाल प्रकरण भी सदन में गूंज सकता है।



